‘मुख्यमंत्री जन-विश्वास अभियान’ के साथ ‘सेवा संकल्प अभियान’ के अंतर्गत देवास में विशाल निःशुल्क स्वास्थ्य शिविर का आयोजन किया गया। शिविर का उद्देश्य ग्राम स्तर तक स्वास्थ्य सुविधाओं एवं विशेषज्ञ चिकित्सकीय सेवाओं की पहुंच सुनिश्चित करना रहा। शिविर में बड़ी संख्या में नागरिकों एवं मरीजों ने पहुंचकर विशेषज्ञ चिकित्सकों से निःशुल्क स्वास्थ्य परामर्श एवं उपचार का लाभ लिया।
प्रमुख सचिव खनिज श्री विवेक पोरवाल एवं कलेक्टर श्री ऋतुराज सिंह ने संयुक्त रूप से स्वास्थ्य शिविर की व्यवस्थाओं का अवलोकन किया। उन्होंने पंजीयन काउंटर, जांच कक्ष एवं दवा वितरण केंद्र का निरीक्षण किया तथा चिकित्सकों से मरीजों को उपलब्ध कराई जा रही स्वास्थ्य सेवाओं, जांच सुविधाओं एवं उपचार व्यवस्था की जानकारी ली।
इस दौरान प्रमुख सचिव श्री पोरवाल एवं कलेक्टर श्री सिंह ने शिविर में उपचार एवं जांच के लिए पहुंचे नागरिकों तथा मरीजों से संवाद कर उनका कुशलक्षेम जाना। उन्होंने मरीजों से शिविर में उपलब्ध सुविधाओं के संबंध में जानकारी ली तथा संबंधित अधिकारियों एवं चिकित्सकों को आवश्यक व्यवस्थाएं सुचारू बनाए रखने के निर्देश दिए।शिविर में सामान्य रोगों के साथ-साथ विभिन्न जटिल बीमारियों की जांच एवं चिकित्सकीय परामर्श अनुभवी एवं विशेषज्ञ चिकित्सकों के दल द्वारा प्रदान किया गया। जांच के उपरांत मरीजों को स्वास्थ्य प्रबंधन एवं आवश्यक सावधानियों के संबंध में परामर्श दिया गया। जरूरतमंद मरीजों को आवश्यक दवाइयों का मौके पर ही निःशुल्क वितरण किया गया।
प्रमुख सचिव श्री पोरवाल एवं कलेक्टर श्री सिंह ने आमजन से शासन द्वारा आयोजित ऐसे जनहितैषी स्वास्थ्य शिविरों का अधिकाधिक लाभ उठाने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के शिविरों के माध्यम से विशेषज्ञ स्वास्थ्य सेवाओं को आमजन के निकट पहुंचाने तथा ग्रामीण एवं दूरस्थ क्षेत्रों के नागरिकों को समय पर स्वास्थ्य परामर्श एवं उपचार उपलब्ध कराने में सहायता मिलती है।
निःशुल्क स्वास्थ्य शिविर में नागरिकों को बेहतर एवं सुलभ स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई गईं। शिविर में कुल 947 नागरिकों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। विभिन्न स्वास्थ्य जांच एवं सेवाओं का लाभ नागरिकों ने लिया।शिविर में 56 नागरिकों के आयुष्मान कार्ड बनाए गए एवं संबंधित सेवा प्रदान की गई। इसके अलावा 72 एक्स-रे, 130 लेब जांच, 192 नेत्र जांच, 58 दंत जांच, 48 मैमोग्राफी, 57 ईसीजी, 31 पेप स्मीयर, 76 सोनोग्राफी, 11 इको टेस्ट तथा 17 लीवर स्कैन किए गए।शिविर के दौरान 8 हितग्राहियों को मोतियाबिंद सर्जरी के लिए चिन्हित और लाभान्वित किया गया। वहीं 1 नागरिक को मेडिकल बोर्ड का प्रमाण-पत्र भी प्रदान किया गया।

